न तालिबान, न बगदादी ये हिंदुस्तान की तस्वीर है!

आपने इस्लामी देशों में महिलाओं को सरेआम कोड़े लगाने की तस्वीरें देखी होंगी, लेकिन अब ऐसी तस्वीरें हिंदुस्तान में भी देखी जा सकती हैं। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ है जिसमें एक मुस्लिम महिला को शरीयत कानून के तहत सरेआम डंडे मारने की सजा दी जा रही है। लुंगी पहने हुए एक शख्स इस महिला को बुरी तरह से पीट रहा है और आसपास भीड़ तमाशा देख रही है, जिनमें कुछ मौलाना भी हैं। यह नहीं पता चल सका है कि महिला के साथ ये इस्लामी दरिंदगी किस गुनाह के बदले की जा रही है। ये वीडियो असम के बारपेटा जिले के चार इलाके का बताया जा रहा है। पश्चिमी असम का ये इलाका बांग्लादेशी मुसलमानों का गढ़ है। कांग्रेस की सरकारों के दौर में इस इलाके में भारी तादाद में बांग्लादेशी मुसलमानों को बसाया गया था। वीडियो में दिख रहे लोगों के पहनावे और उनकी बोली से ये लोग बांग्लादेशी ही मालूम होते हैं। (वीडियो नीचे देखें)

तेजी से वायरल हुआ वीडियो

ये वीडियो बीते 24 घंटे से असम में सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। कुछ स्थानीय नौजवानों ने वीडियो की पुष्टि करते हुए इसे ट्विटर पर पोस्ट किया है। उन्होंने वीडियो के साथ कई जाने-माने पत्रकारों और चैनलों को भी टैग करके पूछा है कि इस्लामी कट्टरपंथ का बचाव करने वाली मीडिया अब चुप क्यों है? सोशल मीडिया पर एक्टिव ओक्सोमिया जियोरी ने वीडियो के डिटेल्स भी शेयर किए हैं। उन्होंने अपने ट्वीट में बताया है कि जिस चार इलाके का ये वीडियो है वहां 99 फीसदी मुसलमान अवैध तौर पर रह रहे हैं। इस इलाके के विकास के नाम पर पिछली कांग्रेस सरकार ने करोड़ों रुपये दिए थे और ये रकम अब भी यहां खर्च हो रही है। ये लोग भारत में रह रहे हैं लेकिन शरिया कानून ही मानते हैं।वीडियो में दिख रहे लोगों की अभी तक पहचान नहीं हो सकी है।

इस्लामिक स्टेट बना असम

पिछली कांग्रेस सरकार के दौरान असम के बड़े इलाके में प्रायोजित तरीके से मुसलमानों की घुसपैठ कराई गई और अब वो कई इलाकों में बहुसंख्यक बन चुके हैं। ये लोग बांग्लादेशी भाषा बोलते हैं और कांग्रेस के पक्के वोटर माने जाते हैं। ओक्सोमिया जियोरी ने इस वीडियो को तस्लीमा नसरीन को टैग करके पूछा है कि वो समझ सकें तो बताएं कि ये राक्षस क्या बातें कर रहे हैं। इसके अलावा भी उन्होंने महिलाओं के विषय पर लिखने और बोलने वाली कई जानी-मानी शख्सियतों को टैग करके ये वीडियो देखने को कहा है। फिलहाल वीडियो की सच्चाई के बारे में आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी तक नहीं आई है। नीचे क्लिक करके आप यह वीडियो देख सकते हैं:

(न्यूज़लूज़ स्वतंत्र रूप से इस वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता)

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