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जब सवाल पूछने पर गाली बकने लगे केजरीवाल!

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सवाल पूछने पर बीबीसी के रिपोर्टर को गालियां बकनी शुरू कर दीं। केजरीवाल ने जो गाली दी वो जातिसूचक मानी जाती है। इसलिए हम इसे यहां दोहरा नहीं सकते। सवाल यह है कि बीबीसी के रिपोर्टर को एक मुख्यमंत्री ने गाली दी, लेकिन एडिटर्स गिल्ड और पत्रकारों के दूसरे संगठन इस पर चुप्पी साधे हुए हैं।

मौत के दावे को लेकर सीएम की बदतमीजी

इंटरव्यू के दौरान अरविंद केजरीवाल ने दावा किया कि बैंकों की लाइन में खड़े-खड़े 55 लोगों की मौत हो चुकी है। इस पर रिपोर्टर नितिन श्रीवास्तव ने कहा कि यह आपका दावा है क्योंकि बीबीसी इसकी पुष्टि नहीं करता। इस पर केजरीवाल चिढ़ गए। जिस पर रिपोर्टर ने दलील दी कि हो सकता है कि कुछ लोग बैंकों की भीड़ की वजह से मरे हों लेकिन सभी मौतों को नोटबंदी से नहीं जोड़ा जा सकता। लेकिन अरविंद केजरीवाल का पारा सातवें आसमान पर पहुंच चुका था। उन्होंने पहले तो रिपोर्टर को अपमानित करना शुरू किया और उसके बाद भी जब जी नहीं भरा तो उन्होंने रिपोर्टर को सीधे संबोधित करते हुए भद्दी गाली बक डाली।

नीचे वीडियो पर क्लिक करके आप यह पूरी बातचीत खुद देख सकते हैं:

पत्रकारों के संगठन अब चुप क्यों हैं?

हैरत की बात यह है कि एक इंटरव्यू में मुख्यमंत्री अऱविंद केजरीवाल ने कैमरे के आगे रिपोर्टर को गाली दी, लेकिन अब तक पत्रकारों के किसी संगठन ने इसे लेकर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। केजरीवाल पहले भी कई बार मीडिया के साथ इस तरह का बर्ताव कर चुके हैं, लेकिन दिल्ली सरकार के विज्ञापनों की वजह से मीडिया के तमाम बड़े संपादक कभी खुलकर केजरीवाल के खिलाफ मुंह नहीं खोलते। दूसरी तरफ केजरीवाल ने दिल्ली के कई पत्रकारों को खैरात बांट रखी है, जिसकी वजह से वो आम आदमी पार्टी और केजरीवाल के प्रवक्ता की तरह उनका प्रचार करते रहते हैं। केजरीवाल अक्सर इन्हीं लोगों के ट्वीट शेयर करते रहते हैं।

पढ़िए हमारी वो रिपोर्ट, जिसमें हमने उन पत्रकारों की लिस्ट बताई थी, जिन्हें दिल्ली सरकार की तरफ से खैरात बांटी गई थी।

ये हैं वो पत्रकार जो केजरीवाल के हाथों बिक गए!

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