आम आदमी पार्टी की एक महिला वॉलेंटियर की कहानी

दोनों तस्वीर प्रतीकात्मक है और उनका पीड़ित लड़की से कोई लेना-देना नहीं है।

अरविंद केजरीवाल के मंत्री संदीप कुमार की सेक्स सीडी सामने आने के बाद आम आदमी पार्टी में महिलाओं की हालत का मुद्दा एक बार फिर से उठने लगा है। जिन 4-5 लड़कियों के चेहरे वीडियो में दिखाई दे रहे हैं वो सभी आम आदमी पार्टी की एक्टिव वॉलेंटियर्स रही हैं। यह सवाल है कि आखिर ऐसे क्या हालात रहे होंगे कि राजनीति में उतरकर देश और समाज को बदलने का सपना देख रही इन लड़कियों को एक मंत्री के साथ हमबिस्तर होना पड़ा? इस सवाल का जवाब ढूंढने के लिए हमने अन्ना आंदोलन के वक्त सक्रिय एक महिला वॉलेंटियर से बात की। यह वॉलेंटियर अब पार्टी में सक्रिय नहीं है। उसकी शादी हो चुकी है और उसके एक बच्चा भी है। पहचान न जाहिर करने की शर्त पर उसने हमें कुछ बेहद चौंकाने वाली बातें बताईं।

‘ऐसे न जाने कितने वीडियो बने हुए हैं’

इस महिला वॉलेंटियर ने बताया कि “लोकपाल आंदोलन और उसके बाद लोकसभा चुनाव के बीच कॉलेज में पढ़ने वाली या हाईस्कूल-इंटरमीडिएट पास करके छोटे-मोटे काम करने वाली हजारों लड़कियां केजरीवाल से जुड़ीं। हम आए दिन होने वाले विरोध-प्रदर्शनों में शामिल होते थे। सभी को यह लगता था कि एक दिन जब हम सफल होंगे तो सभी को इस लड़ाई का फायदा होगा। हमें अच्छा रोजगार और सम्मान मिलेगा। लेकिन हुआ कुछ और ही। कई लड़कियां आज भी ब्लैकमेलिंग में फंसी हुई हैं। 2014 में सितंबर के बाद मैंने पार्टी की मीटिंगों में जाना बंद कर दिया। घर वालों के कहने पर मैंने शादी कर ली और आज मेरा एक बच्चा भी है। मैंने अपने पति को कभी नहीं बताया कि मैं अरविंद केजरीवाल या आम आदमी पार्टी के साथ थी। लोकसभा चुनाव के दौरान उनका प्रचार करने वाराणसी भी गई थी। वहां के अपने अनुभवों को अब याद नहीं करना चाहती। आज भी घर पर टीवी देखते वक्त कभी अन्ना आंदोलन के पुराने वीडियो चलते हैं तो मैं चैनल बदल देती हूं कि कहीं कोई मुझे पहचान न ले। मुझे भी हर वक्त डर लगा रहता है कि कौन जाने मेरा भी कोई ऐसा टेप किसी दिन निकल आए। जब मैंने पार्टी में जाना बंद किया, तो मुझे एक नेता ने ऐसी धमकी भी दी थी। अब वो विधायक बन चुके हैं और खुद को केजरीवाल का बेहद करीबी बताते हैं।”

‘शिकायत भी करें तो किससे करें?’

बहुत पूछने पर भी इस महिला ने यह नहीं बताया कि वो कौन लोग हैं जिन्होंने उसे धमकी दी थी। अपने साथ हुई घटनाओं के बारे में भी उसने कुछ भी विस्तार से बताने से इनकार कर दिया। वो बार-बार यह कहती रही कि “मैं सब बता दूंगी तो वो समझ जाएंगे कि किसने यह सब बताया है।” हमने उस दौर की कुछ तस्वीरें दिखाने को कहा तो उसने बताया कि “मेरे मोबाइल में बहुत सारी फोटो थीं। लेकिन मैंने शादी से पहले ही सारे ममोरी कार्ड तोड़ दिए। मैं नहीं चाहती थी मेरी उस जिंदगी की कोई याद भी आज मेरे पास रहे।” हमने उससे पूछा कि उसने कभी पुलिस, महिला आयोग या अरविंद केजरीवाल से शिकायत करने की नहीं सोची? तो जवाब मिला कि “मैं क्या, मेरे जैसी कोई भी लड़की बहुत मजबूर होने पर ही पुलिस में शिकायत करने जाती है। मैं लकी थी कि मेरे साथ अभी ऐसी स्थिति नहीं आई है। लेकिन जिन लड़कियों ने अब तक मुंह खोलने की हिम्मत की उनका अंजाम हम सब देख ही चुके हैं।” उसने सोनी मिश्रा का उदाहरण दिया, जिसकी शिकायत पर केजरीवाल ने कह दिया था कि कॉम्प्रोमाइज कर लो। उसका कहना है कि “जब तक स्वाति मैडम (स्वाति मालीवाल) हैं महिला आयोग में शिकायत का भी कोई फायदा नहीं है। वो सामने कुछ बोलती हैं और पीछे कुछ करती हैं।”

‘ऐसी राजनीति से दूर ही रहें लड़कियां’

हमारा आखिरी सवाल था कि अपने जैसी दूसरी लड़कियां जो राजनीति में आने की सोचती हैं उनको क्या सलाह देंगी? तो वो जवाब था कि “पहले अन्ना आंदोलन और फिर आम आदमी पार्टी दोनों में ही मेरा एक्सपीरिएंस बहुत खराब रहा। तब बचपना होने की वजह से नहीं समझ पाई कि मैं किस कीचड़ में फंसती जा रही हूं। अब मैं इससे बाहर हूं, लेकिन ऐसा लगता है कि सिर पर कोई तलवार लटकी हुई है। मेरी जैसी हजारों लड़कियों ने आंदोलन के नाम पर अपनी जिंदगी बर्बाद कर दी। मेरी तरह कई दूसरी लड़कियों को भी शक है कि उनका कोई एमएमएस बना हुआ है। ये सारी वो लड़कियां हैं जो मेरे जैसे गरीब घरों से हैं और उनका पार्टी में कोई गॉडफादर नहीं है। कुछ आज भी पार्टी में क्यों सक्रिय हैं, इसका कारण वो ही बता सकती हैं। हो सकता है कि वो ब्लैकमेल का शिकार हो रही हों। कोई लड़की नहीं चाहेगी कि वो ऐसे किसी जाल में फंसे। इसलिए लड़कियां ऐसे झांसों से बचकर ही रहें तो अच्छा है।”

न्यूज़लूज़ पर हम आम आदमी पार्टी की महिला वॉलेंटियर्स की हालत पर लगातार रिपोर्ट्स कर रहे हैं। इसी विषय पर आप नीचे के दोनों लिंक भी पढ़ सकते हैं:

औरतों पर आप के अत्याचार की निशानी हैं ये 5 चेहरे

आप की महिला वॉलेंटियर्स खुदकुशी क्यों कर रही हैं?

(न्यूजलूज़ का स्पष्टीकरण: एक कॉमन फ्रेंड के जरिए हमने इस महिला वॉलेंटियर से संपर्क किया था। उसने जो कुछ भी बताया या दावा किया उसकी स्वतंत्र रूप से हम पुष्टि नहीं कर सकते। उसने अपने साथ कथित रूप से जोर-जबर्दस्ती करने वाले किसी नेता का नाम भी हमें नहीं बताया। यह लड़की फिलहाल एनसीआर में ही एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करके अपना घर चलाती है।)

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