स्वामी के पास 27 अफसरों की ‘हिटलिस्ट’, अगला कौन?

बीजेपी सांसद सुब्रह्मण्यम स्वामी ने दावा किया है कि उनके पास 27 टॉप सरकारी अफसरों की लिस्ट है, जो नरेंद्र मोदी सरकार में रहकर कांग्रेस हाईकमान के इशारे पर काम कर रहे हैं। यह आरोप अक्सर लगता रहा है कि अफसरशाही में ऐसे कई लोग हैं जो आज भी कांग्रेस के नेताओं के लिए वफादार हैं। सत्ता बदल जाने के बाद भी इन लोगों ने यह काम जारी रखा है। अक्सर इन अफसरों की करतूतों की वजह से मोदी सरकार को शर्मिंदगी उठानी पड़ती है।

सरकार के अंदर सफाई चाहते हैं स्वामी

स्वामी के करीबी सूत्रों का कहना है कि यह बात काफी समय से उठती रही है कि मनमोहन सरकार जाने से पहले कांग्रेस ने कुछ अहम सरकारी पदों पर अपने लोगों को फिट कर दिया था। इनमें से ज्यादातर सरकारी अफसर बेहद लो-प्रोफाइल काम करते हुए हर वो काम करते हैं जिससे मोदी सरकार की फजीहत होती हो। इसके अलावा ये अफसर सरकार से जुड़ी जानकारियां मीडिया में लीक भी करते रहते हैं। सरकार के सामने समस्या यह है कि ऐसी किसी भी कार्रवाई से अफसरशाही के मनोबल पर असर पड़ सकता है।

कहां पर हैं कांग्रेस के भरोसेमंद अफसर?

सूत्रों के मुताबिक 10 जनपथ के कृपापात्र समझे जाने वाले ज्यादातर अधिकारी वित्त और गृह मंत्रालयों में हैं। इसके अलावा कार्मिक मंत्रालय (डीओपीटी) में भी कुछ लोग हैं, यही वो लोग हैं जो अफसरशाही की अहम खबरें कांग्रेस हाईकमान से लेकर मीडिया तक को लीक करते हैं। पिछले दिनों गृह मंत्रालय में तीस्ता सेतलवाड़ और इशरत जहां मामलों से जुड़ी फाइलें गायब होने के मामले में भी ऐसे ही अफसरों के रैकेट के शामिल होने का शक है। आम तौर पर ऐसे अफसर बेहद सावधानी से काम करते हैं और ऐसी किसी फाइल में खुद साइन नहीं करते, जिससे उनके फंसने के चांस हों। आम तौर पर ये लोग जूनियर अधिकारियों से काम करवाते हैं और बाद में आराम से पल्ला झाड़ लेते हैं।

पहले भी कई अफसरों की छुट्टी हुई

गृह मंत्रालय में कुछ दिन पहले बड़े पैमाने पर सफाई हुई थी। पिछले साल अगस्त में गृह सचिव एलसी गोयल को कुछ ऐसे ही सुराग मिलने के बाद जबरन रिटायर करवा दिया गया था। एलसी गोयल से पहले के गृह सचिव अनिल गोस्वामी भी पिछले साल ही फरवरी में पद से हटाया गया था। तब पता चला था कि वो शारदा घोटाले के आरोपी कांग्रेसी नेता मतंग सिंह को गिरफ्तारी से बचाने की कोशिश कर रहे हैं।

 

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