छेड़छाड़ पर अनुराग कश्यप की शॉर्ट फिल्म

हमारे देश में गली-मोहल्लों में काम पर या स्कूल-कॉलेज जाने वाली लड़कियों से छेड़खानी की समस्या कितनी बड़ी है, इसका एहसास बहुत सारे लोगों को नहीं होता है। ऐसे अपराधों को न तो कानून और न ही समाज बहुत गंभीरता से लेता है। अनुराग कश्यप की इस शॉर्ट फिल्म को देखकर आप समझ सकते हैं कि कैसे हजारों लड़कियों को रोज इस खतरनाक हालात से दो-चार होना पड़ता है और इसका इलाज़ क्या है।

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