पहली बार भारत में हिंदू आबादी 80% से कम हुई

भारत दुनिया का शायद इकलौता ऐसा देश बन गया है जहां अल्पसंख्यक आबादी बहुसंख्यकों के मुकाबले तेज़ी से बढ़ रही है। 2011 की जनगणना के मुताबिक 2001 के मुकाबले हिंदुओं की संख्या 0.7 परसेंट कम हो गई है। रजिस्‍ट्रार जनरल एंड सेंसस कमिश्‍नर की ओर से धार्मिक आधार पर कराई गई जनगणना के नतीजे मंगलवार को जारी किए गए। देखते हैं इस रिपोर्ट की टॉप-5 बातें

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  1. पहली बार हिंदुओं की संख्या देश की कुल आबादी का 80 परसेंट से कम हो गई है। हिंदू अब 79.8 फीसदी हैं।
  2. बीते 10 साल में मुस्लिमों की आबादी 0.8 परसेंट बढ़ी है। मुसलमान भारत में सबसे तेज़ी से बढ़ते हुए धार्मिक समुदाय हैं। कुल आबादी में मुसलमानों का अनुपात 14.2 परसेंट हो गया है।
  3. हिंदुओं के अलावा सिखों की आबादी भी कुल जनसंख्या की तुलना में 0.2 फीसदी कम हुई है।
  4. ईसाई और जैन धर्म मानने वालों की आबादी 2001 के लगभग बराबर ही रही है।
  5. देश में ईसाई आबादी 2.3 और सिख 1.7 परसेंट हैं, जबकि बौद्ध और जैन आबादी 1 परसेंट से भी कम है।
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