Loose Top

पहली बार भारत में हिंदू आबादी 80% से कम हुई

भारत दुनिया का शायद इकलौता ऐसा देश बन गया है जहां अल्पसंख्यक आबादी बहुसंख्यकों के मुकाबले तेज़ी से बढ़ रही है। 2011 की जनगणना के मुताबिक 2001 के मुकाबले हिंदुओं की संख्या 0.7 परसेंट कम हो गई है। रजिस्‍ट्रार जनरल एंड सेंसस कमिश्‍नर की ओर से धार्मिक आधार पर कराई गई जनगणना के नतीजे मंगलवार को जारी किए गए। देखते हैं इस रिपोर्ट की टॉप-5 बातें

कृपया लेख कॉपी-पेस्ट न करें। कई लोग पोस्ट कॉपी करके फेसबुक और व्हाट्सएप पर शेयर कर देते हैं, जिससे वेबसाइट की आमदनी काफी कम हो गई है। राष्ट्रवाद की विचारधारा पर आधारित यह वेबसाइट बंद हो जाएगी तो क्या आपको खुशी होगी? कृपया खबरों का लिंक शेयर करें।
  1. पहली बार हिंदुओं की संख्या देश की कुल आबादी का 80 परसेंट से कम हो गई है। हिंदू अब 79.8 फीसदी हैं।
  2. बीते 10 साल में मुस्लिमों की आबादी 0.8 परसेंट बढ़ी है। मुसलमान भारत में सबसे तेज़ी से बढ़ते हुए धार्मिक समुदाय हैं। कुल आबादी में मुसलमानों का अनुपात 14.2 परसेंट हो गया है।
  3. हिंदुओं के अलावा सिखों की आबादी भी कुल जनसंख्या की तुलना में 0.2 फीसदी कम हुई है।
  4. ईसाई और जैन धर्म मानने वालों की आबादी 2001 के लगभग बराबर ही रही है।
  5. देश में ईसाई आबादी 2.3 और सिख 1.7 परसेंट हैं, जबकि बौद्ध और जैन आबादी 1 परसेंट से भी कम है।
एक अपील: न्यूज़लूज़ के जरिए हम राष्ट्रवादी पत्रकारिता को बढ़ावा देने की कोशिश कर रहे हैं। इस वेबसाइट पर होने वाला खर्च बहुत ज्यादा है और हमारी आमदनी काफी कम। हम अपने काम को जारी रख सकें इसके लिए हमें आर्थिक मदद की जरूरत है। ये हमारे लिए ऑक्सीजन का काम करेगी। डोनेट करने के लिए क्लिक करें:
Donate with

comments

Polls

क्या कांग्रेस का घोषणापत्र देश विरोधी है?

View Results

Loading ... Loading ...